Posted by: रामेश्वर काम्बोज 'हिमांशु' | अगस्त 31, 2015

मन की गाँठें


1-सुरेश जादव

1

कच्चे से धागे

अटूट बंधन में

सबसे आगे

2

राखी की गाँठें

खोल देती हैं सारी

मन की गाँठें

-0-

2-उषा ओझा, यू एस ए

 1  

आता है याद

मेरा देश भारत

भीगती आँखें ।

2

 पीपल तले

जल रहा ये दिया

आशा की ज्योति ।

3

साँझ सवेरे

बहे मंद बयार

मन को भाये ।

4

 काले बादल

नाच रहीं पत्तियाँ

बही बयार ।

5

 सावन आया

सखी गाएँ कजरी

मेंहदी रची ।

-0-

गुंजन अग्रवाल

गुंजन

4-कशमीरी लाल चावला

1

बाँस का वन

जब चले पवन

बजीं सीटियाँ

Advertisements

Responses

  1. bahut sundar meri badhai…

  2. बहुत सुंदर हाइकु एवं हाइगा
    बधाई सभी रचनाकारों को !

  3. sabhi haiku aur haigasunder hain.rachnakaron ko badhai.
    pushpa mehra

  4. सुरेशजी, उषा जी , गुंजन जी, कशमीरी लाल जी सुंदर हाइकु व हाइगा के लिए बधाई।

  5. आता है याद
    मेरा देश भारत
    भीगती आंखे. मार्मिक हाईकु.ऊषाओझा को बधाई हाईगा भी सुन्दर.सभी रचनाकारों को बधाई.

  6. आप सभी को धन्यवाद, मेरे हाइकू पसंद करने के लिये ।

  7. सभी हाईकुसुन्दर लगे।याद आता है/मेरा देश भारत/भीगती आँखें । बहुतसुन्दर लगा हकीकत के करीब परवासियों का हाले दिल बयाँ करता ।वधाई सभी रचनाकारों को हाइगा भी मोहक लगा ।

  8. bahut hi khoobsurat haiku v haiga..sabhi rachnakaaron ko badhai .

  9. सभी का
    आभार___नमन।

  10. बहुत सुन्दर हाइकु और हाइगा…| आप सभी को हार्दिक बधाई…|


रचनाओं से सम्बन्धित आपकी सार्थक टिप्पणियों का स्वागत है । ब्लॉग के विषय में कोई जानकारी या सूचना देने या प्राप्त करने के लिए टिप्पणी के स्थान पर पोस्ट न करके इनमें से किसी भी पते पर मेल कर सकते हैं- hindihaiku@ gmail.com अथवा rdkamboj49@gmail.com.

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / बदले )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / बदले )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / बदले )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / बदले )

Connecting to %s

श्रेणी

%d bloggers like this: