Posted by: डॉ. हरदीप संधु | अप्रैल 18, 2015

तुम न आए


1-डॉ अश्विनी कुमार विष्णु

1

सुन रही है

ओस फूलों की बातें

ठहरी हवा ।

2

सोईं लताएँ

न छेड़ो जुगनुओ !

जग न जाएँ ।

3

बिछड़ीं तुम

वीणा, वंशी, सितार

काठ हो गए

4

चुभें आँखों में

दिन रात यादों की

जलक्रीड़ाएँ

5

आओ चूम लूँ

बन जाने दो बने

तिल का ताड़

6

पत्तों में बुने

अपने ही बंधन

रेशम कीट

7

तुम न आए

मुर्झाया फूलदान

मुँह चिढ़ाए

8

सोनई धूप

गेहुएँ खलिहान

छुईमुई तू  ।

9

उड़ता मन

पिंजरे  के भीतर

कभी बाहर

10

खिलें सपने

सिरहाने रख दो

जूड़े के फूल

11

चुप हो तुम

बतियाए मुझसे

ढली चुनरी

-0-

kumarashwini.vishnu@gmail.com

-0-

सुनीता अग्रवाल

1

पाट न पाई

आरक्षण का पुल

जात की खाई ।

2

चुनावी खेल

जाति समीकरण

संसद रेल  ।

3

वर्ग सामान्य

काम मिला न स्कूल

धिक्कारे कुल ।

-0-

Advertisements

Responses

  1. सभी हाइकु अच्छे।

    बिछड़ीं तुम
    वीणा, वंशी, सितार
    काठ हो गए। — मन को छू गया !
    हार्दिक बधाई डॉ अश्विनी कुमार विष्णु जी।

    राजनीति के खेल …समसामयिक हाइकु।
    हार्दिक बधाई सुनीता जी !

    ~सादर
    अनिता ललित

  2. सभी सुन्दर हाइकु !

    ‘बिछड़ी तुम’ , रेशम कीट’ , ‘चुनावी खेल’ ..बहुत सुन्दर ,सरस ,प्रभावी !!

    डॉ. अश्विनी कुमार विष्णु जी एवं सुनीता जी को हार्दिक बधाई |

  3. सभी हाइकु बहुत सुन्दर , हार्दिक बधाई |

  4. डॉ. अश्विनी कुमार विष्णु जी एवं सुनीता जी को हार्दिक बधाई |सभी हाइकु बहुत सुन्दर !

  5. डा. विष्णु की रचनाएं बहुत काव्यात्मक हैं. ‘सुन रही कई ओस फूलों की बातें’ और ‘सोई लताएं न छेडो जुगनुओ’ जैसी अभिव्यक्तियाँ बड़ी संवेदनशील हैं. उन्हें इन हाइकु कविताओं के लिए बधाई.
    जब कोई कवियित्री अपने स्त्री-विमर्श के खोल से बाहर आती है तो मानों एक ताज़ी हवा का झोंका स्पर्श कर जाता है. सुनीता अग्रवाल की रचनाओं ने कुछ इसी तरह का अहसास दिलाया. उन्हें भी बधाई और अभिवादन -सुरेन्द्र वर्मा

  6. सभी रचनायें बहुत सुन्दर हैं | रचनाकारों को बधाई व शुभकामनाएं |

  7. सभी हाइकु बहुत सुंदर

  8. Bahut achhe haiku hain rachnakaron ko badhai…

  9. sabhi haiku bahut hi sunder hain sabhi rachnakaron ko badhai.
    pushpa mehra.

  10. सुन रही है
    ओस फूलों की बातें
    ठहरी हवा ।
    बहुत सुन्दर…| बधाई…|

    सुनीता जी ने आज की राजनीति की सच्चाई बयान कर दी…| बहुत बधाई…|

  11. सभी हाइकु बहुत सुंदर….:)

    बधाई व शुभकामनाएं

  12. सोईं लताएँ
    न छेड़ो जुगनुओ !
    जग न जाएँ ।
    bahut komal bhaon ka haiku sunder

    चुनावी खेल
    जाति समीकरण
    संसद रेल ।
    katu saty
    rachana

  13. ashwini ji ke haiku lajwab hote hai sidhe dil me utar jaate hai ..badhayi unhe
    mere haiku ko yaha sthan dene ke liye haardik aabhar 🙂 sarahna kar utsaah badhane wale mitro ko dhanywaad dil se 🙂


रचनाओं से सम्बन्धित आपकी सार्थक टिप्पणियों का स्वागत है । ब्लॉग के विषय में कोई जानकारी या सूचना देने या प्राप्त करने के लिए टिप्पणी के स्थान पर पोस्ट न करके इनमें से किसी भी पते पर मेल कर सकते हैं- hindihaiku@ gmail.com अथवा rdkamboj49@gmail.com.

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / बदले )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / बदले )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / बदले )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / बदले )

Connecting to %s

श्रेणी

%d bloggers like this: