Posted by: डॉ. हरदीप संधु | मार्च 31, 2014

कर्ज़ ले डूबा


 डॉ सुधा ओम ढींगरा

1

कर्ज़ ले डूबा

बिदाई बाद बेटी

बिसारी गई।

2

इंतज़ार है

भाई से मिलन का

कर्ज़ कम हो।

3

कर्ज़दार है-

बेटियों के बाप को

कहते लोग।

4

कर्ज़दार हैं

प्रकृति-प्रति हम

वृक्ष काटके।

5

वृक्षारोपण

उतार देगा कर्ज़ा

हरी हो धरा ।

 -0-

 

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Responses

  1. wah di karj ke itne prakar aur us pr aapke bhav kamal hai
    rachana

  2. भावपूर्ण हाइकु सुधा जी…बधाई !

  3. vrixaropan, utar dega karZ, hari ho dhara.dharati ka karz utarane ki yah vidha bahut khubsurat hai. sudha ji apako badhai.
    pushpa mehra.

  4. भावपूर्ण हाइकु।

  5. bhaavo se bhare sabhi haiku khoobsurat ….badhai sudha ji

  6. क़र्ज़ जैसा भी हो…अच्छा नहीं होता…| बहुत भावपूर्ण हाइकु हैं , बधाई…|

  7. संवेदनाओं के समुद्र से निकले मोती

  8. Gehan……..


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